by पं. श्री कौशलेन्द्रकृष्णशर्मा | Nov 18, 2022 | Blogs, आचार्यश्री जी, प्राकीर्ण
लेखक – आचार्यश्री कौशलेन्द्रकृष्ण जी (कथावक्ता, श्लोककार, ग्रंथकार, कवि) अभी एक दृष्टि आइएएस के शिक्षक श्री विकास दिव्यकीर्ति जी का वीडियो चारो ओर चल रहा है, जिसमें वे बता रहे हैं कि कुछ विषयों को लेकर लोग रामचरित्र पर कटाक्ष करते हैं।...
by पं. श्री कौशलेन्द्रकृष्णशर्मा | Nov 8, 2022 | Blogs, देविस्तोत्राणि, स्तोत्र
॥ अथ स्तोत्रम् ॥ श्रीसूर्य उवाचश्रृणु साम्ब महाबाहो सिद्धास्तोत्रमनुत्तमम्।विरुद्धस्याऽसुरगुरौः पीडाशान्तिविधायकम्॥१॥ भगवान् सूर्य कहते हैं, हे साम्ब! तुम इस सिद्धा स्तोत्र को सुनो। जो स्तोत्र असुरों के गुरु की पीड़ा को समाप्त कर देने वाला है। योगिनी सिद्धिदा सिद्धा...
by पं. श्री कौशलेन्द्रकृष्णशर्मा | Nov 8, 2022 | Blogs, देविस्तोत्राणि, स्तोत्र
॥ अथ स्तोत्रम् ॥ सिद्धेश्वर्य्यैः नमस्तुभ्यं नमस्ते च शिवप्रिये।धूम्राक्ष्यै च विरुपायै घोरायै च नमो नमः॥ हे सिद्धेश्वरी! आपके लिये नमस्कार है। हे शिव की प्रिया! हे धूम्राक्षी! हे विरूपा! हे घोरा! आपका नमस्कार है। पञ्चास्यायै शुभास्यायै चन्द्रास्यायै च वै नमः।वरदायै...
by पं. श्री कौशलेन्द्रकृष्णशर्मा | Nov 6, 2022 | Blogs, आचार्यश्री जी, प्राकीर्ण
लेखक – आचार्यश्री कौशलेन्द्रकृष्ण जी (कथावक्ता, श्लोककार, ग्रंथकार, कवि) आज वैकुण्ठ चतुर्दशी है। आप सबको कोटिशः शुभकामना। आज की तिथि को भगवान् हरि तथा हर के प्रेम की परिचायिका कहें तो अतिशयोक्ति नहीं। भगवान् हरि को हर से सुदर्शन चक्र की प्राप्ति जो हुई थी।...
by पं. श्री कौशलेन्द्रकृष्णशर्मा | Nov 4, 2022 | आचार्यश्री जी, प्राकीर्ण
लेखक – आचार्यश्री कौशलेन्द्रकृष्ण जी (कथावक्ता, श्लोककार, ग्रंथकार, कवि) सूर्यग्रहण तथा चन्द्रग्रहण क्यों होता है, यह तो आप सब सुने ही हैं। इस विषय पर चर्चा न करते हुए सीधे आवश्यक विषयों पर आते हैं। पहले तो हमें यह ज्ञात हो कि ग्रहण...